1➤ आचार्य रामचंद्र शुक्ल कृत ‘हिंदी साहित्य का इतिहास’ प्रथमतः ‘हिंदी शब्दसागर’ की भूमिका में किस शीर्षक से प्रकाशित हुआ था ?
2➤ निम्नलिखित में से किस ग्रंथ के लेखक रामविलास शर्मा नहीं हैं ?
3➤ हिंदी के किस इतिहासकार के मतानुसार ‘शालिभद्र सूरि’ हिंदी के प्रथम कवि हैं ?
4➤ ‘राउलवेल’ किस तरह की रचना है ?
5➤ “मैं हिंदुस्तानी की तूती हूं, अगर तुम वास्तव में मुझसे कुछ पूछना चाहते हो, तो हिन्दवी में पूछो, जिससे कि मैं कुछ अद्भुत बातें बता सकूं।” यह कथन किसका है ?
6➤ नाथ संप्रदाय में ‘हठयोग’ का क्या अर्थ है ?
7➤ निम्न कवियों और उनकी कृतियों में कौन-सा सुमेलित नहीं है ?
8➤ “भाषा बहुत परिष्कृत और परिमार्जित न होने पर भी कबीर की उक्तियों में कहीं-कहीं विलक्षण प्रभाव और चमत्कार है। प्रतिभा उनमें प्रखर थी, इसमें संदेह नहीं।” पंक्तियों के लेखक हैं ?
9➤ ‘रामायण महानाटक’ के लेखक कौन हैं ?
10➤ “मैं उनका आदर्श कहीं जो व्यथा न खोल सकेंगे, पूछेगा जग किन्तु पिता का नाम न बोल सकेंगे। जिनका निखिल विश्व में कोई कहीं न अपना होगा मन में उमंग जिन्हें चिरकाल कलपना होगा।” उपर्युक्त पंक्तियां ‘दिनकर’ की किस रचना की हैं ?
11➤ प्रगतिवादी कवियों में अपनी विचारधारा से कट्टरतापूर्वक जुड़े रहने वाले कवि हैं ?
12➤ निम्नलिखित में नयी कविता की प्रवृत्ति नहीं है ?
13➤ धूमिल की रचनाएं हैं-
14➤ ‘लघुमानव की धारणा’- किसकी प्रवृत्तिगत विशेषता है ?
15➤ सन् 1975 के बाद की कविता को इनमें से क्या नाम दिया गया है ?
16➤ इनमें से कौन सा कवि नई कविता से संबद्ध नहीं रहा है ?
17➤ ‘सोए पलाश दहकेंगे’ शीर्षक नवगीत-संग्रह के रचनाकार हैं ?
18➤ “कविता/घेराव में किसी बौखलाये हुए आदमी का/संक्षिप्त एकालाप है।” उक्त काव्य पंक्ति के रचयिता हैं ?
19➤ निम्नलिखित में से किस कवि को नवगीत के प्रतिष्ठापक के रूप में जाना जाता है ?
20➤ छायावादी काव्य के प्रमुख ‘चार स्तंभ’ किन्हें माना जाता है ?
21➤ किस समीक्षक ने कहा ? “छायावादी काव्य में भारतीय परंपरा के जीवन्त तत्वों का समावेश हुआ है।”
22➤ छायावादी चेतना को मूर्तिमान करने वाली कृति ‘कामायनी’ का प्रकाशन कब हुआ ?
23➤ किस कवि के समग्र काव्य में छायावाद, रहस्यवाद, प्रगतिवाद, प्रयोगवाद और नई कविता की विशेषताएं एक साथ मिलती हैं ?
24➤ कवि और कविता का नाम लिखिये : “मृत्यु तुम्हारा गरल दंत कंचुक कल्पान्तर अखिल विश्व का विवर वक्र कुण्डल! दिग्मंडल।”










